भिण्ड जिले के डोंगरपुरा निवासी श्री अजमेर सिंह के जीवन में आचार्य विद्यासागर गौसंवर्धन योजना से सकारात्मक बदलाव आया है। खेती के साथ-साथ पशुपालन करने से उन्हें आर्थिक सुरक्षा मिली है, जिससे दूसरे ग्रामवासी भी प्रेरणा ले रहे हैं।
अजमेर सिंह ने योजना अंतर्गत आवेदन कर उन्नत भदावर नस्ल की तीन भैंसें खरीदी। उन्हें योजना की लागत की 25 प्रतिशत राशि अनुदान तथा शेष 3 लाख रुपए बैंक ऋण के रूप में स्वीकृत हुए हैं, जिस पर वे प्रतिमाह 15 हजार रुपए की किश्त जमा करते हैं। वे बताते हैं कि तीनों भैसों से प्रतिदिन 27 लीटर दूध प्राप्त होता है, जिसे स्थानीय बाजार में 50 रुपए प्रति लीटर बेचकर अच्छा मुनाफा हो रहा है। अपने जीवन में आए इस सकारात्मक परिवर्तन के लिए वे प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव को हार्दिक धन्यवाद देते हैं।
प्रदेश में दुग्ध उत्पादन में वृद्धि और पशुपालकों की आर्थिक स्थिति में सुधार के उद्देश्य से आचार्य विद्यासागर गौसंवर्धन योजना संचालित की जा रही है। योजना अंतर्गत 5 दुधारू गौवंश के लिए सामान्य वर्ग के आवेदकों को योजना लागत का 25 प्रतिशत तथा अनुसूचित जाति और जनजातीय वर्ग के आवेदकों को 33 प्रतिशत अनुदान प्रदान किया जाता है। अधिक जानकारी के लिए जिले के उपसंचालक कार्यालय, पशुपालन एवं पशु चिकित्सा सेवाएं से संपर्क किया जा सकता है।




